Wednesday, March 27, 2013

शिकागो की 'हरी' नदी

शिकागो 'हरी' नदी
शिकागो वाकई में खूबसूरत शहर है । एअरपोर्ट से होटल आने के बाद हमलोग शिकागो की सैर पर निकल गए और पहला पड़ाव था - मिशिगन झील । ठण्ड और हवा दोनों हमारे साथी थे । कुछ दूर चलने पर हमने देखा की पूरे शहर ने हरे रंग का ज़ामा पहना हुआ है । सर्ज से ज्ञात हुआ की आज यहाँ St. Peter's Day मनाया जा रहा है जब लोग हरा रंग धारण करते हैं, चाहे वह कपड़े के रूप में हो या एक हरे रंग की मोती की माला के रूप में या फिर हरे रंग की डाई किये हुए बाल के रूप में । और तो और शिकागो नदी का वह हिस्सा जो शहर के बीचोंबीच बहता है, उसे भी डाई डालकर हरा कर दिया जाता है । अद्भुत था इस नगरनिवासियों का हरे रंग के लिए प्रेम और St. Peter के लिए श्रधा ! मिशिगन झील के किनारे पहुँच कर हमें समझ आया की हम यहाँ ज्यादा देर ठंडी हवा का सामना नहीं कर सकते । इसलिए शहर की वास्तुकला का लुत्फ़ उठाते हुए हम आगे बढ़ गए । John Hancock Observatory, Millenium Park और Art Of Institute को निहारते हुए हम वापस होटल आ गए ।

अगला दिन रविवार था और हमारे पास काफी समय था घूमने के लिए । दोपहर में हमने फिर हिम्मत की और मिशिगन झील के किनारे पहुँच गए । उत्तरी अमेरिका की 5 सबसे बड़ी झीलों में से मिशिगन झील एक है । सूरज की गुनगुनाती धुप और ठंडी हवा के थपेड़ों के बीच हमने झील के किनारे पद-यात्रा की । जहाँ तक नज़र दौड़ाओ, पानी ही पानी नज़र आता था। कोई थाह नहीं । हमारा अगला लक्ष्य था - Art of Institute, जहाँ 'पिकासो और शिकागो' के 100 साल के रिश्ते को पिकासो के चित्रों के माध्यम से प्रस्तुत किया जा रहा था । लगभग डेढ़ घंटे घूमने के बाद भी हमें अधूरा-सा महसूस हुआ । काफी सलीके से विभिन्न चित्रकारों और अन्य कलाकारों की कृतियों को प्रस्तुत किया गया था । और हर कृति के साथ, उसके पीछे की कलाकार की सोच और कल्पना को शब्दों में अंकित किया गया था, भले वह माडर्न आर्ट क्यों न हो !

हमारी टीम
शिकागो में हमारी पहली मुलाक़ात Chicagoland Chamber of Commerce से हुई जहाँ उन्होंने हमें शहर के छोटे उद्यम और उद्यमियों की सहायता के लिए किये जा रहे प्रयास से अवगत कराया । इति, जो हमारे साथ थीं और FICC से थीं, ने उन्हें भारत में किये जा रहे समान प्रयासों के बारे में बताया । आने वाले ब्लॉग में, मैं इति और FICCI द्वारा किये जा रहे सराहनीय प्रयासों के बारे में और बताऊँगा । इति श्री !

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